भारत जैसे विकासशील देश में, “घर” सिर्फ चार दीवारें नहीं — वह सुरक्षा, गरिमा और आशा का प्रतीक है। ग्रामीण भारत में, जहाँ अधिकांश लोग खेती या दैनिक मजदूरी पर निर्भर हैं, एक पक्का घर होना एक बहुत बड़ी ज़रूर है। “प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण)” यानी PMAY-G इसी सपने को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) — इतिहास और पृष्ठभूमि
* स्वतंत्रता के बाद से भारत में सार्वजनिक आवास कार्यक्रम शुरू हुआ, मुख्यतः शरणार्थियों की पुनर्वास के लिए। समय-क्रम में यह विस्तार हुआ।
* ग्रामीण आवास कार्यक्रम एक स्वतंत्र कार्यक्रम के रूप में इंदिरा आवास योजना (IAY) से 1 जनवरी 1996 में शुरू हुआ।
* लेकिन IAY में कुछ खामियाँ पाई गईं — लाभार्थी चयन में पारदर्शिता की कमी, तकनीकी पर्यवेक्षण न होना, निर्माण गुणवत्ता, निगरानी की कमी आदि।
* इन खामियों को दूर करने और “Housing for All” (सभी के लिए आवास) की प्रतिबद्धता के तहत, IAY को पुनर्गठित कर Pradhan Mantri Awaas Yojana – Gramin (PMAY-G) बनाया गया 1 अप्रैल 2016 से।
PMAY-G: उद्देश्य एवं विशेषताएँ
उद्देश्य
1. ग्रामीण बिना घर वालों और जो कुटिया / जर्जर घरों में रहते हैं, उन्हें पक्का घर देना।
2. Basic सुविधाएँ जैसे स्वच्छ पानी, शौचालय, बिजली, LPG कनेक्शन आदि सुनिश्चित करना।
3. वर्ष 2024 तक सभी पात्र ग्रामीण परिवारों को कवर करना।
4. गुणवत्ता और निगरानी सुनिश्चित करना।
मुख्य विशेषताएँ
- न्यूनतम घर का आकार अब 25 वर्ग मीटर किया गया। (पहले 20 वर्ग मीटर)
- मैदानPlain क्षेत्रों में प्रति यूनिट अनुदान ₹1,20,000; पहाड़ी, कठिन इलाकों में ₹1,30,000
- लाभार्थी को MGNREGS के अंतर्गत 90.95 व्यक्ति-दिन अनस्किल्ड श्रम देना।
- Toilets निर्माण हेतु समेकन (convergence) — SBM-G, MGNREGS आदि से सहयोग।
- केंद्र एवं राज्य सरकार के बीच लागत साझा: वहीं सामान्य/plain क्षेत्र में 60:40, उत्तर-पूर्व और हिमालयी/पहाड़ी राज्यों में 90:10।
- AwaasSoft और AwaasApp जैसे ई-गवर्नेंस उपकरणों द्वारा पूरा मॉनिटरिंग एवं कार्यप्रवाह।
- तक़नीकी सहायता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए National Technical Support Agency (NTSA) और मिस्त्री प्रशिक्षण कार्यक्रम।
| विषय | विवरण |
|---|---|
| नाम | Pradhan Mantri Awaas Yojana – Gramin (PMAY-G) |
| शुरूआत | 1 अप्रैल 2016 (IAY पुनर्गठन) |
| उद्देश्य | ग्रामीण क्षेत्रों में गृहहीन एवं कुटिया / जर्जर घरों में रहने वालों को पक्का घर देना |
| न्यूनतम आकार | 25 वर्ग मीटर |
| अनुदान (Plain) | ₹1,20,000 प्रति घर |
| अनुदान (पहाड़ी / कठिन क्षेत्र) | ₹1,30,000 प्रति घर |
| लागत साझा अनुपात | Plain: 60:40 ; पहाड़ी/उत्तर-पूर्व: 90:10 |
| श्रम सहायता | 90.95 व्यक्ति-दिन (MGNREGS) |
| ऋण विकल्प | upto ₹70,000 (यदि इच्छुक हो) |
| तकनीकी निगरानी | NTSA, मिस्त्री प्रशिक्षण |
| ई-गवर्नेंस उपकरण | AwaasSoft, AwaasApp |
| Dashboard आंकड़े | ~3.94 करोड़ पंजीकृत, ~2.78 करोड़ घर पूरे (डेटा समय अनुसार) — Dashboard देखें |
| योजना अवधि | FY 2024-25 से 2028-29 तक (मंडल मंजूरी) — सरकारी प्रेस रिलीज़ |
पात्रता एवं लाभार्थी चयन
पात्र कौन हो सकते हैं?
- वे ग्रामीण परिवार जो गृहहीन हों।
- जो कुटिया / जर्जर घरों में रहते हों (कच्ची दीवार, कच्चा छप्पर आदि)।
- SECC 2011 (सामजिक आर्थिक और जाति जनगणना) द्वारा आवास अभाव / अभावकारी मापदंड शामिल किया गया।
- ग्राम सभा द्वारा इन सूची की पुष्टि।
- अपील प्रक्रिया भी है यदि किसी को चयन में समस्या हो।
लाभार्थी चयन कैसे किया जाता है?
- SECC 2011 डेटा में रहने की स्थिति, दीवार / छत की स्थिति आदि मापदंडों को उपयोग किया जाता है।
- ग्राम सभा द्वारा वेरिफिकेशन।
- Permanent Wait List बनाई जाती है ताकि आगामी वर्षों में योजनाबद्ध चयन हो सके।
- चयन प्रक्रिया पारदर्शी हो — अपीलीय प्रक्रिया उपलब्ध है।
प्रक्रिया: आवेदन से लेकर निर्माण तक
आवेदन / पंजीकरण*
- प्राथमिक स्तर पर लाभार्थी को आवेदन देना होगा।
- पोर्टल / संबंधित ग्रामीण विकास विभाग के माध्यम से आवेदन होता है।
- उदाहरणतः MyScheme वेबसाइट पर PMAY-G पृष्ठ है।
- PMAYG के अपने वेबसाइट पर “NetIAY / Data Entry” विंडो मौजूद है।
आवेदन / पंजीकरण*
SECC डेटा अनुसार प्राथमिक सूची बनती है।
ग्राम सभा की बैठक में चयन की पुष्टि।
अपील (grievance) प्रक्रिया यदि नाम न हो या त्रुटि हो।
अनुदान स्वीकृति और भुगतान
घरों को sanction दो हिस्सों में किया जाता है।
केंद्र से राज्य को धनराशि जारी होती है।
लाभार्थी का बैंक खाता / पोस्ट ऑफिस खाता लिंक होना चाहिए।
भुगतान सीधे DBT (डायरेक्ट बेनिफिशियरी ट्रांसफर) के माध्यम से।
समापन / गृह प्रवेश
जब घर बनकर तैयार हो जाए, तो गृह प्रवेश (Griha Pravesh) समारोह।
लाभार्थी को गृह स्वामित्व प्रमाण पत्र आदि।
ऋण सहायता (यदि इच्छुक हो)
इच्छुक लाभार्थी को ₹70,000 तक institutional loan की सुविधा।
वर्तमान स्थिति एवं अपडेट्स
यह जानना ज़रूरी है कि योजना अब भी जारी है और इसमें नए अपडेट्स किए गए हैं:
- FY 2024-25 से 2028-29 तक PMAY-G को जारी रखने का प्रस्ताव केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मंजूरी दी है।
- PMAY-G का Dashboard दिखाता है: अब तक लगभग 3,94,51,657 लाभार्थी पंजीकृत, 3,80,65,419 घर स्वीकृत, और लगभग 2,78,87,223 घर पूरे किए गए।
- असम में 3,76,075 अतिरिक्त घरों की स्वीकृति FY 2025-26 के लिए।
- राजस्थान में 2,73,752 और घर स्वीकृत।
- महाराष्ट्र को 10.3 लाख अतिरिक्त घर स्वीकृत।
कुछ सुझाव और सावधानियाँ
- दस्तावेजों की पुनरावलोकन (identity, proof of residence, बैंक खाता) पूरी तरह सुनिश्चित करें।
- यदि नाम सूची में न हो, तो ग्राम सभा या विकास विभाग से संपर्क करें और अपील प्रक्रिया अपनाएं।
- योजना लागू होने के बाद निर्माण गुणवत्ता पर ख़ास ध्यान दें — सुदृढ़ सामग्री, उचित डिजाइन, मास्टर प्लान आदि।
- निर्माण में धारणाएँ और लागत बढ़ने की चुनौतियाँ हो सकती हैं — बजट प्रबंधन रखें।
- स्थानीय विभाग और सरकारी अधिकारियों से नियमित संवाद रखें, शिकायतें समय रहते फॉलो करें।
- योजनाओं के नए अपडेट निरंतर देखें — सरकार समय-समय पर सुधार करती रहती है।
ऑफलाइन आवेदन प्रक्रिया
- अपने गांव की ग्राम पंचायत या नजदीकी ब्लॉक विकास अधिकारी (BDO) कार्यालय जाएं। वहां ग्राम प्रधान, पंचायत सचिव, या PMAY-G नोडल अधिकारी से मिलें।
- दस्तावेज तैयार करें:आधार कार्ड (परिवार के सभी सदस्यों का, स्व-सत्यापित प्रति)MGNREGA जॉब कार्ड (नहीं है तो ग्राम पंचायत से बनवाएं)बैंक पासबुक (DBT के लिए आधार से लिंक)स्वच्छ भारत मिशन (SBM) नंबर (अगर शौचालय है)शपथ पत्र (पक्का मकान न होने का)आय प्रमाण या BPL कार्डपासपोर्ट साइज फोटोमोबाइल नंबर (सक्रिय)
- ग्राम पंचायत या CSC केंद्र से PMAY-G फॉर्म लें। इसमें नाम, पता, परिवार का विवरण, बैंक खाता, और मकान की स्थिति भरें। गलती न करें, मदद के लिए पंचायत कर्मचारी से पूछें।
- इसके बाद आपके द्वारा भरे गए फॉर्म को ऑनलाइन तरीके से PMAY-G अधिकारी / ऑपरेटर Awaassoft सिस्टम में अपलोड करेगा।
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया निम्नलिखित है:
- सर्वप्रथम आपको प्रधानमंत्री आवास योजना के आधिकारिक वेबसाइट पर विजिट करना होगा।
- इसके बाद आपके सामने वेबसाइट का मुख्य पृष्ठ खुल जाएगा, उसमें आपको मेन्यू बार में स्थित तीन पाई दिखाई देगी, उस पर क्लिक करें, फिर इसके आपके सामने लिस्ट के रूप में कुछ ऑप्शन प्रकट होंगे, उसमें आपको “Awaassoft” पर क्लिक करना होगा, फिर इसके बाद एक और लिस्ट खुलेगी, उसमें आपको “Data Entry” पर क्लिक करना होगा।
- इसके बाद आपके सामने एक पेज खुलेगा, उसमें आपको “DATA ENTRY For AWAAS” वाले विकल्प का चयन करना होगा।
- फिर आपको अपना राज्य और जिला का चयन करके “Continue” बटन पर क्लिक करना होगा।
- फिर आपको यूजरनेम, पासवर्ड और कैप्चा को दर्ज करके “Login” बटन पर क्लिक करें।
- इसके बाद आपके सामने Beneficiary Registration Form” खुल जाएगा।
- उसमें आपको पहले अनुभाग में आपकी “Personal Details” से संबंधित जानकारी भरनी होगी, जैसा कि नीचे इमेज में दर्शाया गया है।
- फिर आपको दूसरे अनुभाग में “Beneficiary Bank Account Details” से संबंधित जानकारी भरनी होगी।
- फिर तीसरे अनुभाग में आपको “Beneficiary Convergence Details” से संबंधित जानकारी जैसे जॉब कार्ड नंबर, और स्वच्छ भारत मिशन पंजीकरण संख्या (एसबीएम नंबर) दर्ज करना होगा।
- चौथे अनुभाग जो की ब्लॉक द्वारा भरा जाएगा, उसमें आपको “Details Filled By Concern Office” से संबंधित जानकारी भरनी होगी।
- इस तरह आप ब्लॉक या जन सेवा केंद्र द्वारा पीएम आवास योजना फॉर्म ऑनलाइन प्रक्रिया द्वारा भर सकते हैं।
स्वीकृति के बाद लाभार्थियों को एक स्वीकृति पत्र (Sanction Order) जारी किया जाता है, जिसमें योजना के तहत उन्हें दिए जाने वाले लाभ का विवरण होता है। यह स्वीकृति पत्र लाभार्थियों के मोबाइल नंबर पर एसएमएस के माध्यम से भी भेजा जाता है।